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Coronavirus China Italy | Coronavirus Outbreak China Italy Iran USA Japan France Live Today News Updates World Cases Novel Corona COVID-19 Death Toll | 1 लाख 84 हजार मौतें: नोबेल विजेता अर्थशास्त्री बोले- अमेरिका ने महामारी का सामना किसी तीसरी दुनिया के देश की तरह किया

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  • अर्थशास्त्री जोसेफ स्टिग्लेट्ज ने कहा- अमेरिका के 14% लोग सरकार के फूड वाउचर से मिलने वाले भोजन पर निर्भर
  • अमेरिकी राष्ट्रपति ट्रम्प ने ग्रीन कार्ड पर अस्थाई प्रतिबंध लगाने वाले आदेश पर हस्ताक्षर किए
  • अमेरिका में एक दिन में 2341 जान गईं, यहां अब तक 47 हजार 676 लोगों की मौत हो चुकी है

दैनिक भास्कर

Apr 23, 2020, 08:36 AM IST

वॉशिंगटन. दुनिया में कोरोनावायरस से अब तक एक लाख 84 हजार 217 लोगों की मौत हो चुकी है। 26 लाख 37 हजार 673 संक्रमित हैं, जबकि 7 लाख 17 हजार 625 ठीक हो चुके हैं। नोबेल पुरस्कार से सम्मानित अर्थशास्त्री जोसेफ स्टिग्लेट्ज ने कहा है कि अमेरिका ने महामारी का सामना किसी तीसरी दुनिया के देश की तरह किया। यहां लोगों को मदद पहुंचाने वाली सेवाएं नाकाफी साबित हो रही हैं। अमेरिका के 14% लोग सरकार के फूड वाउचर से मिलने वाले भोजन पर निर्भर हैं।

कोरोनावायरस : सबसे ज्यादा प्रभावित 10 देश

देश कितने संक्रमित कितनी मौतें कितने ठीक हुए
अमेरिका 8 लाख 48 हजार 994 47 हजार 676 84 हजार 050
स्पेन 2 लाख 8 हजार 389 21 हजार 717 85 हजार 915
इटली  1 लाख 87 हजार 327 25 हजार 085 54 हजार 543
फ्रांस 1 लाख 59 हजार 877 21 हजार 340 40 हजार 657
जर्मनी 1 लाख 50 हजार 648 5 हजार 315 99 हजार 400
ब्रिटेन 1 लाख 33 हजार 495 18 हजार 100 उपलब्ध नहीं
तुर्की  98 हजार 674 2 हजार 376 16 हजार 477
ईरान 85 हजार 996 5 हजार 391 63 हजार 113
चीन 

82 हजार 798

4 हजार 632 77 हजार 151
रूस 57 हजार 999 513 4 हजार 420

ये आंकड़े https://www.worldometers.info/coronavirus/ से लिए गए हैं।

अमेरिका: 47 हजार से ज्यादा मौतें
अमेरिका में एक दिन में 2341 जान गई है। यहां अब तक 47 हजार 676 लोगों की मौत हो चुकी है। वहीं, संक्रमण के मामले 8 लाख 48 हजार 994 हो गए हैं।  बीबीसी के मुताबिक, अर्थशास्त्री जोसेफ ने कहा कि करोड़ों लोग बेरोजगारी भत्ता के लिए आवेदन कर रहे हैं। स्वास्थ्य सेवाओं में असमानता की वजह से लोगों की जान जा रही है। सरकारी मदद बेरोजगारी की भरपाई करने में असमर्थ साबित हो रही। अगले कुछ महीनों में बेरोजगारी दर बढ़कर 30% हो जाएगी।

दूसरी लहर पर सीडीसी की सफाई
अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रम्प ने कहा कि सेंटर ऑर डिजीज कंट्रोल एंड प्रिवेंशन (सीडीसी) के अध्यक्ष डॉ. रॉबर्ट रेडफिल्ड के बयान को गलत ढंग से पेश किया गया। रॉबर्ट ने कहा था कि महामारी की दूसरी लहर ज्यादा खतरनाक होगी। सफाई देते हुए उन्होंने कहा- मेरे बयान का गलत मतलब निकाला गया। मैंने कहा था कि एन्फ्लुएंजा और कोरोना दोनों एक साथ फैले को मुश्किलें बढ़ जांएगी।

जर्मनी: मास्क पहनना अनिवार्य
जर्मनी के सभी 16 राज्यों ने अगले हफ्ते से सार्वजनिक जगहों पर मास्क पहनना अनिवार्य कर दिया है। हालांकि, बर्लिन में शॉपिंग के दौरान मास्क पहनना जरूरी नहीं होगा। साथ ही यहां वैक्सीन का इंसानों पर ट्रायल के लिए मंजूरी दे दी गई है। 18 से 55 साल के बीच के लगभग 200 लोगों पर इसका ट्रायल किया जाएगा। देश में संक्रमण के अब तक एक लाख 50 हजार से ज्यादा मामले हो चुके हैं। वहीं 5,315 की मौत हो चुकी है।

इटली: 24 घंटे में 437 की जान गई
देश में मौतों का आंकड़ा 25 हजार के पार हो गया है। यहां 24 घंटे में 437 लोगों की मौत हुई है। इटली में धीरे-धीरे मौतों में कमी हो रही है। एक दिन पहले यहां 534 की जान गई थी।

यूक्रेन: संक्रमितों की संख्या 6,592 हुई
यूक्रेन में 467 नए मामले सामने आने के बाद संक्रमितों की संख्या 6,592 हो गई। वहीं मृतकों का आंकड़ा 174 तक पहुंच गया है। स्वास्थ्य मंत्रालय ने बुधवार को बताया कि पिछले 24 घंटे के दौरान देश में 467 नए मामले सामने आए। अब तक 424 संक्रमित मरीज ठीक हुए हैं, जिन्हें अस्पतालों से छुट्टी दे दी गई है। स्वास्थ्य मंत्री मैक्सीम स्टीपानोव ने सरकार से राष्ट्रव्यापी क्वारैंटाइन को 12 मई तक बढ़ाने का अनुरोध किया है, क्योंकि देश में नए मामलों की रफ्तार कम नहीं हो रही है।

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China: International Yoga Day was celebrated in low-key events due to COVID-19, standoff with India – भारत के साथ तनाव, COVID-19 की वजह से चीन में सादगी से मना अंतरराष्ट्रीय योग दिवस

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भारत के साथ तनाव, COVID-19 की वजह से चीन में सादगी से मना अंतरराष्ट्रीय योग दिवस

चीन में इस बार सादगी से मनाया गया अंतरराष्ट्रीय योग दिवस

बीजिंग :

कोरोनावायरस (coronavirus) और भारत के साथ एलएसी पर तनाव की वजह से चीन में अतरराष्ट्रीय योग दिवस (International Yoga Day) इस बार बहुत ही सादगी से मनाया गया. चीन में योग काफी लोकप्रिय है. संयुक्त राष्ट्र ने साल 2014 में 21 जून को अंतरराष्ट्रीय योग दिवस के रूप में मनाए जाने की घोषणा की थी. इसके बाद चीन में योग दिवस के मौके पर आमतौर पर कई बड़े कार्यक्रम आयोजित किए जाते हैं.  

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इस साल, अंतरराष्ट्रीय योग दिवस पर मुख्य कार्यक्रम का आयोजन इंडिया हाउस में किया गया. कार्यक्रम की अगवाई चीन में भारत के राजदूत विक्रम मिस्री ने की. इस दौरान, भारतीय और विदेशी राजनयिकों के साथ उनके परिवार ने शिरकत की. मिस्री ने कहा कि इस साल अंतरराष्ट्रीय योग दिवस “चुनौतियों से भरा” रहा. उन्होंने बताया, “चुनौतियों के बावजूद हमने थोड़ा बड़े पैमाने पर कार्यक्रम आयोजित करने का सोचा था लेकिन बीजिंग में कोरोना महामारी फिर से फैलने से हमें अपनी योजना टालकर छोटा कार्यक्रम करना पड़ा.”  

चीन में पिछले कुछ हफ्तों में कोरोना के नए मामले सामने आए हैं. इससे पहले चीन ने कोरोनावायरस पर पूरी तरह से काबू करने की बात कही थी. एनएचसी ने शनिवार को कहा कि चीन में अब तक कोरोना के 83,352 मामले दर्ज किए गए जबकि 4,634 लोगों की मौत हुई है. 

मीडिया रिपोर्ट्स के मुताबिक, चीन में कुछ योग एसोसिएशनों ने योग दिवस के मौके पर कार्यक्रम आयोजित किए.

चीन में योग कार्यक्रमों के छोटे पैमाने पर आयोजित करने की एक वजह भारत और चीन के सैनिकों के बीच हिंसक झड़प भी है. सैन्य झड़प की वजह से भारत और चीन सरहद पर तनाव और ज्यादा बढ़ गया है. चीन के साथ झड़प में 20 भारतीय जवान की जान गई थी. कहा जा रहा है कि इस झड़प में चीन को जानी नुकसान हुआ है.   

वीडियो: ‘अंतरराष्ट्रीय योग दिवस’ पर देशभर के लोगों ने किया योग

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Delhi To Conduct Serological Survey From June 27 To Curb Spread Of COVID

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गृहमंत्री ने दिल्ली सरकार को निर्देश दिए कि जिला स्तरीय टीम बनाई जाए और कंटेनमेंट जोन में सर्वे का काम 30 जून तक पूरा हो जाना चाहिए.

नई दिल्ली: केंद्रीय गृहमंत्री अमित शाह की अध्यक्षता में हुई बैठक में दिल्ली में कोरोना कंटेनमेंट रणनीति पर डॉ. पॉल समिती की रिपोर्ट पर चर्चा हुई. गृह मंत्रालय ने बताया, पूरी दिल्ली में 27 जून से 10 जुलाई के बीच एक सेरोलॉजिकल सर्वे कराया जाएगा, जिसमें 20 हजार लोगों की सैंपल टेस्टिंग होगी. इसके द्वारा दिल्ली में संक्रमण के फैलाव का आंकलन हो सकेगा और एक व्यापक रणनीति निर्धारित की जा सकेगी.

दिल्ली के हर जिले को एक बड़े अस्पताल से जोड़ा जाएगा. दिल्ली सरकार 22 जून तक एक योजना निर्धारित करेगी, 23 जून तक जिला स्तरीय टीमों का गठन होगा, 26 जून तक सभी कंटेनमेंट जोन्स का संशोधित परिसीमन किया जाएगा, 30 जून तक कंटेनमेंट जोन्स का सर्वे होगा.

होम आइसोलेशन की केंद्र सरकार को देनी होगी रिपोर्ट

दिल्ली सरकार हर मृतक का आंकलन कर बताएगी कि उसे कितने दिन पहले कहां से अस्पताल लाया गया था. अगर मरीज होम आइसोलेशन में था, तो उसे सही समय पर लाया गया था या नहीं. सभी कोरोना पॉजिटिव मामलों को पहले कोरोना सेंटर जाना होगा और जिन लोगों के घरों में सही व्यवस्था है और जो किसी अन्य को-मोरबिडिटी से ग्रस्त नहीं है उन्हें होम आइसोलेशन में रखा जाए. कितने लोगों को होम आइसोलेशन में रखा गया है, इसकी जानकारी भारत सरकार को देनी होगी.

कंटेनमेंट जोन्स का नए सिरे से परिसीमन

डॉ. पॉल समिती ने रिपोर्ट में कंटेनमेंट जोन्स का नए सिरे से परिसीमन, इनकी सीमा पर और इनके अंदर की गतिविधियों पर सख्ती से निगरानी और नियंत्रण का सुझाव दिया गया. इसके अलावा सभी संक्रमित व्यक्तियों की कॉन्टेक्ट ट्रेसिंग और क्वारंटाइनिंग करने के लिए आरोग्य सेतु और इतिहास एप के इस्तेमाल का भी सुझाव दिया गया. कंटेनमेंट जोन्स के बाहर हर घर की लिस्ट लगाने पर भी चर्चा हुई. कोविड मरीजों को अस्पताल, कोविड सेंटर या होम आइसोलेशन में रखने का निर्देश दिया गया.

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दिल्ली: जानें किस प्राइवेट अस्पताल में कितने बेड पर मिल सकेगा कोरोना का सस्ता इलाज, सर्कुलर जारी

Coronavirus: दिल्ली में 3000 नए केस और 63 लोगों की मौत, एक दिन में 1719 मरीज ठीक हुए

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Bollywood News In Hindi : Amrish Puri himself designed the costume for the role of Mogambo, Director Bonnie Kapoor gave Rs 10,000 as bonus | मोगैंबो के किरदार के लिए अमरीश पुरी ने खुद डिजाइन की थी कॉस्ट्यूम, डायरेक्टर बोनी कपूर ने इम्प्रेस होकर दिए थे 10 हजार रुपए

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दैनिक भास्कर

Jun 22, 2020, 05:00 AM IST

उमेश कुमार उपाध्याय.

बॉलीवुड के दिग्गज एक्टर अमरीश पुरी भले ही अब इस दुनिया में ना हों मगर उन्होंने अपने किरदारों को हमेशा के लिए अमर कर दिया है। मिस्टर इंडिया का मोगैंबो हो या डीडीएलजे के बाबूजी अमरीश ने अपनी एक्टिंग से किरादरों में चार चांद लगाए हैं। आज अमरीश जी के जन्मदिन के खास मौके पर उनके दोस्त बोनी कपूर ने भास्कर से बातचीत में उनसे जुड़े खास किस्से शेयर किए हैं।

हम पांच के लिए खुद डिजाइन की थी बिग

अमरीश पुरी को बड़ी स्टारडम मेरी फिल्म हम पांच से मिली। वे अपने काम को लेकर इतने डेडीकेटेड थे कि हर चीज की डिटेल्स में जाते थे। इस फिल्म में अमरीश जी ने अपनी बिग खुद ही डिजाइन की थी। निर्देशक बापू जी ने उन्हें इशारों में कुछ बताया और स्केच बनाकर दिया था। उसके बाद तो उन्होंने अपनी बिग खुद ही डिजाइन की।

फिल्म हिट होने पर दिया 10 हजार रुपए बोनस

हम पांच के लिए अमरीश पुरी को 40 हजार रुपए फीस दी गई थी। फिल्म हिट होने के बाद उन्हें बोनस के रूप में 10 हजार रुपए और दिया तो खुश हो गए। उस समय प्राण और बाकी विलेन 3 लाख रुपए लिया करते थे। मैंने उनसे पिक्चर बनते समय कहा था कि इसके बाद आपकी प्राइस बढ़कर ढाई लाख रुपए हो जाएगी। हम पांच से पहले भी उन्होंने पिक्चरों में रोल किया था, पर हम पांच से जो स्टारडम और पहचान मिली, वह अब तक के किए गए सभी किरदारों से कहीं ज्यादा थी। इस तरह हमारा साथ शुरू हुआ।

मिस्टर इंडिया में अमरीश से पहले कई एक्टर का लिया था ऑडिशन

मिस्टर इंडिया के लिए हम फ्रेश फेस देना चाह रहे थे।  इसके लिए मुंबई में जितने भी विलेन थे, उन सभी के ऑडिशन लिए थे। लेकिन जावेद ने जिस रुवाब से मोगैंबो के किरदार को लिखा था, उस पर कोई सही उतर नहीं पा रहा था तो हमने फाइनली अमरीश पुरी जी को ही लेना सही समझा। उस समय वे बहुत बिजी चल रहे थे। हमने उनसे कहा कि मुझे अगले हफ्ते से आपके 60 दिन चाहिए, क्योंकि पूरे क्लाइमैक्स के लिए आर के स्टूडियो में हमारे कुल 5 सेट लगे थे। उन्होंने तुरंत हां बोल दिया। 

दरअसल जब एक्टर्स पास जाते हैं तो वह कहते हैं कि सोचेंगे, करेंगे। उन्होंने कहा कि मैंने इसके बारे में बहुत सुना है और मैं खुश हूं कि तुम फाइनली मेरे पास आ गए। मैं जो भी डेट होगी आपकी उससे मैच करूंगा। इस तरह हमने शूटिंग शुरू की और बड़े विलेन के रूप में अमरीश पुरी का एक नया चेहरा सामने आया। हमने हम पांच में भी उन्हें इसीलिए लिया था कि यह एक फ्रेश फेस हैं। शोले में जब अमजद खान लाॉन्च हुए थे, वह भी बिल्कुल फ्रेश फेस थे।

मोगैंबो के लिए खुद डिजाइन करवाए कॉस्टयूम

हमने अमरीश पुरी को मोगैंबो तो बना लिया था, पर हमारे दिमाग में उसकी कॉस्टयूम और गेटअप क्लीयर नहीं था। पूरा गेटअप बनाने में अमरीश पुरी का बड़ा हाथ रहा। अपने खास टेलर माधव के साथ मिलकर अमरीश ने पूरा गेटअप डिजाइन बनवाया। मैं उस कॉस्टयूम से इतना प्रभावित हुआ था कि मैंने उनके डिजाइनर माधव को उस समय 10 हजार रुपए बोनस में दिए। हमारे मन में विलेन का किरदार तो था, पर क्लियर विजुअल नहीं था। इसे अमरीश जी ने खुद बनाया। बिग, कॉस्टयूम, हाथ में ली हुई छड़ी सब अमरीश ने खुद ही माधव के साथ डिजाइन की थी।

मोगैंबो के लिए किया खूब रिहर्सल 

अमरीश पुरी की आदत थी, जब उन्हें रोल भा जाता था, तब वह हर चीज की डिटेलिंग में जाते थे और मोगैंबो की हर डिटेलिंग में जाकर उन्होंने कमाल का काम किया। इस किरदार को जीवंत करने के लिए उन्होंने खूब रिहर्सल की थी। उन्होंने हर डायलॉग जावेद जी के साथ बैठकर पढ़ा था साथ ही सेट पर शेखर ने भी उनसे रिहर्सल्स करवाई। उन्होंने हर चीज के लिए बहुत ज्यादा कड़ी मेहनत की थी।

पूरा क्रेडिट में अमरीश पुरी को देना चाहूंगा

हीरो बड़ा तब होता है, जब सामने विलेन टक्कर का हो। मिस्टर इंडिया के सामने हमें बड़ा विलेन चाहिए था और मैं नहीं समझता कि अमरीश पुरी से बड़ा विलेन कोई हो सकता है। इसका पूरा क्रेडिट मैं अमरीश पुरी को देना चाहूंगा। खैर, लाइन तो जावेद जी ने लिखी थी- मोगेंबो खुश हुआ। यह तकिया कलाम लोग आज तक याद करते हैं, पर इस किरदार में चार चांद अमरीश पुरी ने अपनी मेहनत से लगाए थे।

मोगैंबो की कामयाबी से मिली और फिल्में

मिस्टर इंडिया के बाद हमने विरासत में उनके साथ काम किया। इस पूरे प्रोजेक्ट का सेटअप मैंने किया था। इसमें फिर अमरीश जी ने पॉजिटिव रोल किया था और कमाल का काम किया था। साथ ही मिस्टर इंडिया के बाद उन्होंने उनकी हॉलीवुड की पहली फिल्म की, साथ ही साउथ के भी नंबर वन विलेन हो गए थे। वे वहां की भी बड़ी फिल्मों में विलेन हुआ करते थे। यह सब मोगैंबो पर की हुई उनकी मेहनत की वजह से था।

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